मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की ओडीओसी योजना से रामपुर के ऐतिहासिक हब्शी हलवे को नई पहचान मिली है। ग्रेटर नोएडा में यूपीआईटीएस में सुहेल अख्तर खान के स्टॉल पर रोजाना करीब 60 हजार रुपये की बिक्री हुई। 15 किलो हलवा बनाने में 4 किलो देसी घी लगता है। अब इसे जीआई टैग दिलाने और अंतरराष्ट्रीय बाजार में पहुंचाने की तैयारी है।